Kasturigandh Tatha Anya Kahaniyan

Poonam Singh

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  • Year: 2015

  • Binding: Hardback

  • Publisher: Kitabghar Prakashan

  • ISBN No: 9789380146386

कस्तूरीगंध तथा अन्य कहानियाँ
‘कस्तूरीगंध तथा अन्य कहानियाँ’ पूनम सिंह का दूसरा कहानी-संग्रह है। इस संग्रह की कहानियों में व्यक्ति भी है, परिवार भी और समाज भी। विस्तार, गहराई और संपूर्णता के साथ। इसलिए ये कहानियाँ स्त्री द्वारा रचित होने पर भी सिर्फ स्त्री-समस्याओं तक सीमित नहीं हैं। इनमें स्त्रीवादी लेखन की शक्ति का स्वीकार भी है और उसकी सीमाओं का अतिक्रमण भी। इस तरह हिंदी में हो रहे स्त्री-कथा-लेखन को ये कहानियाँ नया आयाम देती हैं।
प्रस्तुत संग्रह की कहानियाँ परंपरा और आधुनिकता के द्वंद्व की उपज हैं। इनमें परंपरा के जीवित तत्त्वों का स्वीकार आधुनिकता के दायरे में किया गया है। ‘कस्तूरीगंध’, ‘उससे पूछो सोमनाथ’ तथा ‘पालूशन मानिटरिंग’ जैसी कहानियाँ इस कथन के सर्वोत्तम उदाहरण के रूप में देखी जा सकती हैं। इनमें परंपरा के उस पक्ष का अस्वीकार है, जो आधुनिक सोच के विरुद्ध है। इन कहानियों की आधुनिकता नई जीवन स्थितियों के बेहतर रूप का सृजनधर्मी आयाम है, जिसे कहानी-लेखिका ने सीधे, पर सधे शिल्प में उपलब्ध किया है।
पूनम सिंह की कथा-चेतना बृहत्तर मानवीय और सामाजिक सरोकारों से आत्मीय जुड़ाव का प्रतिफल है, जिसके कारण उनकी कहानियाँ घर-आँगन और सेक्स के भूगोल तक सीमित नहीं हैं। इसके साथ इनमें सादगी से भरा प्यारा घरेलूपन भी है, जो उनकी निजता के संस्पर्श के साथ आंतरिक लहर-सा मंद-मंद प्रवाहित होता रहता है। उनकी कथा-चेतना सामान्यीकृत होकर अपने समय के साथ है तो विशिष्टीकृत होकर अलग से रेखांकित करने लायक भी है। इसका उदाहरण इस संग्रह की लगभग सभी कहानियाँ प्रस्तुत करती हैं।
कहा जा सकता है कि ‘कस्तूरीगंध तथा अन्य कहानियाँ’ समकालीन हिंदी कहानी में नए सृजन का सुंदर और श्रेष्ठ उदाहरण है।

Poonam Singh

पूनम सिंह
शिक्षा: एम० ए० , पी-एच० डी० 
प्रकाशित रचनाएँ: ‘हंस’, ‘अक्षरा’, ‘वर्तमान साहित्य’, ‘वागर्थ’, ‘वसुधा’, ‘जनमत’, ‘बेला’, ‘अभिधा’, ‘पुरुष’, ‘आवर्त’, ‘प्रगतिशील आकल्प’, ‘संप्रति पथ’, ‘परिकथा’, ‘पाखी’, ‘चक्रवाक’, ‘दोआबा’, ‘अभिनव कदम’, ‘छपते- छपते’, ‘आधी जमीन’, ‘कलरव’, ‘हिंदुस्तान’, ‘दैनिक जागरण’, ‘न्यूज ब्रेक’, ‘आज’, ‘आर्यावर्त’ आदि पत्र- पत्रिकाओं में निरंतर कविताएँ, कहानियाँ, लेख प्रकाशित।
प्रकाशित कृतियाँ: ‘ऋतुवृक्ष’, ‘लेकिन असंभव नहीं’ (कविता-संग्रह) ०  ‘कोई तीसरा’, ‘कस्तूरीगंध तथा अन्य कहानियाँ’ (कहानी-संग्रह) ०  ‘धर्मवीर भारती की काव्य- चेतना’ (आलोचना)।
पुरस्कार एवं सम्मान: ‘हिंदुस्तान’ दैनिक द्वारा आयोजित कहानी प्रतियोगिता में ‘कोई तीसरा’ कहानी पुरस्कृत (1994) ०  ‘पद्मरागा सम्मान’ (2004) रामइकबाल सिंह ‘राकेश’ स्मृति समिति, मुजफ्फरपुर द्वारा ०  साहित्य साधना सम्मान (2006) शाद अजीमाबादी स्टडी सर्किल, नवशक्ति निकेतन, पटना द्वारा।
संपादन एवं संकलन: ‘सामु’ (साक्षर मुजफ्फरपुर) गीतों का संकलन एवं संपादन ०  ‘साक्षरता’ पत्रिका (इजोरिया) में संपादन सहयोग ०  ‘नई आकृति’ (साहित्यिक पत्रिका) में संपादन सहयोग ०  ‘आवत्र्त’ (साहित्यिक पत्रिका) में सह-संपादक।
संप्रति: अध्यापन, हिंदी विभाग, एम० डी० डी० एम०  कालेज, मुजफ्फरपुर, बिहार।

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